Corona Vaccine: भारत ने उधार में दी कोरोना वैक्सीन, संकट के समय में पड़ोसियों को बड़ी राहत

देश में कोरोना रोगियों की वृद्धि दर को नियंत्रण में लाया गया है। कोरोनरी हृदय रोग के रोगियों की संख्या 95 फीसदी हो गई है। वर्तमान में उपचार कर रहे कोरोना रोगियों की संख्या दो लाख से कम है। एक ओर जहां कोरोना के मरीजों की संख्या में कमी आ रही है, वहीं दूसरी ओर भारत ने कोरोना वैक्सीन के उत्पादन का बीड़ा उठाया है। भारत के विश्व के अग्रणी सीरम संस्थान ने कोविशिल्ड के उत्पादन में तेजी लाई है। भारत बायोटेक ने तेजी से कोवाइसिन का उत्पादन शुरू कर दिया है। ये दोनों कंपनियां निर्यात के मामले में भी अग्रणी हैं।

दुनिया के कई देशों ने भारत से कोरोना वैक्सीन की मांग की है। पाकिस्तान भारत में बने कोरोना वैक्सीन का ऑर्डर देने की भी तैयारी कर रहा है। भारतीय टीका पाकिस्तान के लिए सस्ता होगा। यदि कोरोना वैक्सीन अन्य देशों से आयात की जाती है, तो पाकिस्तान को इस पर अधिक खर्च करना होगा। कोरोना वैक्सीन के लिए एक अंतरराष्ट्रीय समझौते के माध्यम से प्राप्त किया जाएगा। पाकिस्तान के अलावा, भारत कोरोना के खिलाफ कई अन्य देशों का भी टीकाकरण करेगा।

भारत खाड़ी देशों को कोरोना वैक्सीन की आपूर्ति करेगा। भारत ओमान को 1 लाख वैक्सीन की आपूर्ति कर रहा है। अगले हफ्ते, अफगानिस्तान में 500,000 खुराक भेजी जाएगी। इसके अलावा 2 लाख खुराक निकगवारा, 70 हजार डोमिनिका, 1 लाख बारबाडोस और 1.5 लाख मंगोलिया भेजे जाएंगे। हालांकि, अभी तारीख तय नहीं हुई है।

मिस्र, अल्जीरिया, यूएई और कुवैत ने भारत में बने कोरोना वैक्सीन को खरीदा है। सऊदी अरब, म्यांमार और बांग्लादेश ने भी भारत से कोरोना वैक्सीन खरीदने के लिए संपर्क किया है। खरीद को अभी तक भारत सरकार द्वारा अनुमोदित नहीं किया गया है। भारत में बने Astrazeneca के Covishield वैक्सीन की 7 मिलियन खुराक पाकिस्तान को भेजी जाएगी। ये खुराक मुफ्त दी जाएगी।