पशु बांधने के बाड़े को लेकर हिंसक झगड़ा, पहले गुत्थमगुत्था फिर लाठी-डंडे और पत्थर चले, VIDEO आया सामने
अलवर जिले से रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक ही कुनबे के करीब 100 लोग आपस में भिड़ गए। मामूली विवाद ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया। पशु बांधने के बाड़े को लेकर शुरू हुई कहासुनी पहले धक्का-मुक्की में बदली और फिर लाठी-डंडों व पत्थरबाजी में तब्दील हो गई।
पहले महिलाएं भिड़ीं, फिर युवकों ने संभाली लाठियां
घटना का वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि पहले दोनों गुटों की महिलाएं आपस में उलझती हैं। इसके बाद पुरुष और युवक भी मैदान में उतर आते हैं। करीब 20 मिनट तक दोनों ओर से जमकर मारपीट होती रही। कई लोगों को जमीन पर पटक-पटक कर पीटा गया, जबकि कुछ के सिर पर लाठियां बरसाई गईं।
20 से अधिक लोग घायल
इस खूनी संघर्ष में 20 से ज्यादा लोग घायल हो गए। महिलाओं और युवतियों को भी गंभीर चोटें आई हैं। कई घायलों के सिर फूट गए, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने किसी तरह घायलों को संभाला।
प्रतापगढ़ से अलवर किए गए रेफर
घटना में पप्पूराम के परिवार के लोग अधिक घायल हुए हैं। घायलों में संतरा (17), पायल (17), धौली (50), निर्मला (20), बसबाई (20), रामप्यारी (60), छोटा (28), कोमल (17), बाबूलाल (28), धोली (15) और राजेश (23) शामिल हैं। सभी को पहले प्रतापगढ़ सीएचसी ले जाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर अलवर जिला अस्पताल रेफर किया गया। अन्य घायल अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती हैं।
पुलिस ने संभाला हालात
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत कराया और झगड़ा खत्म करवाया। दोनों गुटों की ओर से थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
पशु बाड़े का विवाद बना हिंसा की वजह
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि विवाद पशुओं को बांधने के बाड़े को लेकर हुआ था। धीरे-धीरे बहस बढ़ती चली गई और हिंसा में बदल गई। पुलिस अब वीडियो फुटेज और चश्मदीदों के बयान के आधार पर कार्रवाई कर रही है।
VIDEO से खुली पूरी कहानी
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो ने प्रशासन और समाज दोनों के लिए गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं कि मामूली विवाद किस तरह बड़े रक्तरंजित संघर्ष में बदल सकता है।
