सारण के मढ़ौरा में साइबर ठगों ने व्यक्ति से 41.97 लाख रुपये की ठगी की
बिहार के सारण जिले के मढ़ौरा में साइबर ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां जालसाजों ने खुद को थानाध्यक्ष का करीबी अधिकारी बताकर एक व्यक्ति से करीब 41 लाख 97 हजार रुपये की ठगी कर ली। यह मामला सामने आने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
पीड़ित की पहचान मढ़ौरा थाना क्षेत्र के भलुही गांव निवासी संतोष कुमार यादव के रूप में हुई है। शुरुआत में उनके मोबाइल फोन पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने खुद को थाना का “बड़ा बाबू” बताया। इसके बाद उसने कहा कि संतोष कुमार यादव के खिलाफ थाने में एक गंभीर मामला दर्ज हुआ है।
केस में फंसाने की धमकी
जालसाज ने बातों-बातों में डर का माहौल बना दिया। फिर केस से बचाने के नाम पर पैसों की मांग शुरू कर दी। पहले 15,700 रुपये की मांग की गई। संतोष ने गलती से 1,570 रुपये भेज दिए। इसके बाद दोबारा 14,500 रुपये ट्रांसफर करवाए गए।
इसके बाद ठगों का हौसला और बढ़ गया। बार-बार जेल भेजने की धमकी दी गई। कभी 25 हजार रुपये मांगे गए। फिर 35 हजार रुपये की मांग रखी गई। इस तरह अलग-अलग किश्तों में लगातार पैसे ट्रांसफर करवाए जाते रहे।
ठगी का हुआ एहसास
लगातार पैसों की मांग से संतोष को शक हुआ। उन्होंने कॉल काट दिया। इसके बाद जब उन्होंने पूरे लेन-देन का हिसाब लगाया, तब जाकर एहसास हुआ कि वे साइबर ठगी का शिकार हो चुके हैं। पीड़ित के अनुसार, कुल मिलाकर 41 लाख 97 हजार रुपये ठगों के बताए खातों में भेजे गए।
पुलिस ने दर्ज किया मामला
पीड़ित की शिकायत पर मढ़ौरा थाना में कांड संख्या 04/26 दर्ज की गई है। यह मामला भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2) और 318(4) के तहत दर्ज किया गया है। जांच की जिम्मेदारी एसआई अनूप कुमार मौर्य को सौंपी गई है।
राशि बरामदगी की कोशिश
थाना प्रभारी ने बताया कि पुलिस साइबर सेल की मदद से आरोपियों की पहचान में जुटी है। साथ ही, ठगी की गई राशि की बरामदगी के लिए बैंक खातों और डिजिटल ट्रांजेक्शन की जांच की जा रही है।
पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल पर डरकर पैसे न भेजें। ऐसे मामलों में तुरंत स्थानीय थाने या साइबर हेल्पलाइन से संपर्क करें।
