टी-20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत ने शानदार प्रदर्शन किया है। चारों ग्रुप मैच जीतकर टीम ने सुपर-8 में जगह बना ली है। अब असली परीक्षा शुरू होगी। भारत को सुपर-8 में साउथ अफ्रीका, जिम्बाब्वे और वेस्टइंडीज जैसी मजबूत टीमों से भिड़ना है। ऐसे में छोटी गलती भी भारी पड़ सकती है। कप्तान Suryakumar Yadav की अगुवाई में टीम को अपने ढीले पेंच कसने होंगे। आइए नजर डालते हैं उन तीन खिलाड़ियों पर, जो अब तक उम्मीदों पर खरे नहीं उतरे हैं।
अभिषेक शर्मा: नंबर-1 बल्लेबाज, लेकिन खाता तक नहीं खुला

दुनिया के नंबर-1 टी20 बल्लेबाज से बड़ी उम्मीद थी।
लेकिन Abhishek Sharma अब तक एक भी रन नहीं बना पाए हैं।
- बनाम USA – पहली गेंद पर आउट
- बनाम PAK – 4 गेंद, 0 रन
- बनाम NAM – मैच नहीं खेला
- बनाम NED – 3 गेंद, 0 रन
लगातार तीन पारियों में शून्य पर आउट होना टीम के लिए चिंता का विषय है। सुपर-8 में भारत को उनसे तेज शुरुआत की उम्मीद होगी।
तिलक वर्मा: अच्छी शुरुआत, लेकिन बड़ी पारी नहीं

मिडिल ऑर्डर की जिम्मेदारी Tilak Varma पर है।
उनका काम एंकर की भूमिका निभाना है।
उन्होंने शुरुआत तो हर मैच में अच्छी की, लेकिन उसे बड़ी पारी में नहीं बदल पाए।
- USA – 16 गेंद, 25 रन
- PAK – 24 गेंद, 25 रन
- NAM – 21 गेंद, 25 रन
- NED – 27 गेंद, 31 रन
औसत 26.50 और स्ट्राइक रेट 120.45।
सुपर-8 में टीम को उनसे मैच जिताऊ पारी की जरूरत होगी।
रिंकू सिंह: फिनिशर की भूमिका अधूरी

जब स्क्वॉड चुना गया तो शुभमन गिल की जगह Rinku Singh पर भरोसा जताया गया।
उम्मीद थी कि वह मजबूत फिनिशर साबित होंगे।
लेकिन अब तक 27 गेंदों में सिर्फ 24 रन।
- USA – 14 गेंद, 6 रन
- PAK – 4 गेंद, 11 रन
- NAM – 6 गेंद, 1 रन
- NED – 3 गेंद, 6 रन
फिनिशिंग में धार की कमी दिखी है। बड़े मुकाबलों में यह कमजोरी भारी पड़ सकती है।
सुपर-8 में कसनी होगी पकड़
भारत ने ग्रुप स्टेज में आसान जीत दर्ज की है। लेकिन सुपर-8 में साउथ अफ्रीका और वेस्टइंडीज जैसी टीमें चुनौती पेश करेंगी। अगर इन तीन खिलाड़ियों का प्रदर्शन नहीं सुधरा, तो टीम मुश्किल में पड़ सकती है। हालांकि, क्रिकेट अनिश्चितताओं का खेल है। एक अच्छी पारी पूरी कहानी बदल सकती है।
