संगम स्नान से पहले रोकी गई शोभायात्रा,भीड़ को देखते हुए प्रशासन का फैसला
प्रयागराज में मौनी अमावस्या के मौके पर उस समय तनाव की स्थिति बन गई जब स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की शोभायात्रा को पुलिस ने रोक दिया।यह शोभायात्रा संगम स्नान के लिए निकाली जा रही थी।हालांकि,भीड़ को देखते हुए माघ मेला प्रशासन ने पहले ही शोभायात्राओं पर रोक लगा दी थी।
रविवार सुबह स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद त्रिवेणी मार्ग स्थित अपने शिविर से शोभायात्रा के साथ संगम की ओर रवाना हुए थे।लेकिन,संगम पहुंचने से पहले ही पुलिस ने रास्ते में यात्रा को रोक दिया।इसके बाद उनके शिष्य आक्रोशित हो गए।
पहले पुलिस ने समझाने का प्रयास किया।हालांकि,शिष्य नहीं माने।इसके बाद पुलिस और शिष्यों के बीच कहासुनी शुरू हो गई।धीरे-धीरे मामला बढ़ गया और झड़प की स्थिति बन गई।शिष्यों ने पुलिस पर अभद्र व्यवहार का आरोप लगाया।
स्थिति बिगड़ते देख पुलिस ने सख्ती दिखाई।इस दौरान कुछ शिष्यों को हिरासत में ले लिया गया।इसके बाद माहौल और ज्यादा तनावपूर्ण हो गया।विरोध स्वरूप स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने संगम स्नान नहीं किया।वह बिना स्नान किए ही वापस अपने शिविर लौट गए।
प्रशासन का कहना है कि मौनी अमावस्या पर भारी भीड़ को नियंत्रित करना प्राथमिकता थी।इसी वजह से किसी भी तरह की शोभायात्रा की अनुमति नहीं दी गई थी।फिलहाल,मामले को शांत करा दिया गया है और पुलिस स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
