मां…’ भी नहीं बोल पाए थे बच्चे, मुंह पर टेप चिपकाकर ले गए मैदान की ओर, अंश-अंशिका केस में बड़ा खुलासा

रांची अंश अंशिका अपहरण मामले में पुलिस जांच
अंश-अंशिका अपहरण केस में खुलासे के बाद जांच में जुटी रांची पुलिस

पीले ऑटो में महिला-पुरुष ने किया अपहरण, 5 साल के अंश के बयान से रांची पुलिस को अहम सुराग

रांची। झारखंड की राजधानी रांची से लापता हुए मासूम भाई-बहन अंश और अंशिका के अपहरण मामले में बड़ा और चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। 5 वर्षीय अंश ने पुलिस और चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (CWC) के सामने बयान देते हुए बताया कि एक महिला और पुरुष ने दोनों बच्चों का पीले रंग के ऑटो में बैठाकर अपहरण किया और उनके मुंह पर टेप चिपका दिया।

अंश के अनुसार, 2 जनवरी को वह और उसकी बहन धुर्वा इलाके में एक दुकान से चूड़ा लेने गए थे। उसी गली में एक पीला ऑटो आकर रुका, जिसमें एक महिला और एक पुरुष बैठे थे। दोनों ने बच्चों को जबरन ऑटो में बैठाया और मुंह पर टेप चिपका दिया, जिससे वे मदद के लिए “मां” तक नहीं पुकार सके।

सीडब्ल्यूसी सदस्य कुंती साहू ने बताया कि घटना के समय आसपास मौजूद लोगों ने भी आरोपियों से सवाल किया था कि ये बच्चे इसी इलाके के हैं, उन्हें कहां ले जाया जा रहा है। इसके बावजूद आरोपी बच्चों को भैंसों के बंधने वाले इलाके के पास स्थित एक खाली मैदान की ओर ले गए।

हालांकि बच्चों के शरीर पर चोट के स्पष्ट निशान नहीं मिले हैं, लेकिन अंश के बयान से यह पुष्टि हुई है कि उनके साथ मारपीट की गई। अंशिका उम्र में छोटी होने के कारण कुछ भी बयान देने की स्थिति में नहीं है।

बच्चों की मेडिकल जांच के लिए माता-पिता उन्हें सदर अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां इमरजेंसी और बाल रोग विभाग में जांच के बाद डॉक्टरों ने दोनों को शारीरिक रूप से स्वस्थ बताया। गौरतलब है कि 14 जनवरी को दोनों बच्चों को रामगढ़ के चितरपुर से सकुशल बरामद किया गया था। मामले में अब तक दो आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है और पुलिस उनसे गहन पूछताछ कर रही है।