घर के विवाद से आहत होकर नहर में कूदी किशोरी, मछुआरों को मिला कंकाल, कपड़ों से हुई पहचान
तीन महीने बाद सामने आया खौफनाक सच
उत्तर प्रदेश के पीलीभीत जिले से एक बेहद दर्दनाक मामला सामने आया है। यहां तीन महीने पहले लापता हुई 15 वर्षीय किशोरी का कंकाल अब नहर से बरामद हुआ है। इस घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है। परिवार, जो अब तक उम्मीद लगाए बैठा था, अब गहरे सदमे में है।
मछली पकड़ने वालों ने देखा भयावह मंजर
कलीनगर क्षेत्र में चित्तरपुर पुल के पास मछली पकड़ रहे लोगों को नहर की झाल में एक कंकाल फंसा दिखाई दिया। शुरुआत में किसी को समझ नहीं आया, लेकिन पास जाकर देखने पर मामला गंभीर लगा। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई।
कपड़ों से हुई पहचान
पुलिस मौके पर पहुंची और कंकाल को बाहर निकलवाया। वहीं, सूचना मिलने पर परिजन भी मौके पर पहुंचे। कंकाल की हालत ऐसी थी कि पहचान करना मुश्किल था। हालांकि, परिजनों ने कपड़ों के आधार पर पुष्टि की कि यह उनकी बेटी रोशनी (15) का ही शव है।
28 दिसंबर को नहर में लगाई थी छलांग
जानकारी के अनुसार, कलीनगर के वार्ड नंबर 5 निवासी रमेश राजपूत की बेटी रोशनी ने 28 दिसंबर को घर में हुए विवाद के बाद यह कदम उठाया था। वह नाराज होकर कलीनगर पुल से नहर में कूद गई थी।
पहले भी हुई थी तलाश, लेकिन नहीं मिला शव
घटना के तुरंत बाद परिवार ने पुलिस को सूचना दी थी। पुलिस ने गोताखोरों और एसएसबी की मोटरबोट की मदद से कई दिनों तक तलाश अभियान चलाया। लेकिन उस समय किशोरी का कोई सुराग नहीं मिला था।
अब पोस्टमार्टम से खुलेगा राज
कंकाल मिलने के बाद पुलिस ने उसे कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों और अन्य पहलुओं पर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
परिवार में पसरा मातम
तीन महीने बाद बेटी का इस हालत में मिलना परिवार के लिए असहनीय है। घर में मातम का माहौल है और परिजन बेसुध हैं। इस घटना ने एक बार फिर पारिवारिक विवादों और मानसिक तनाव के गंभीर परिणामों की ओर ध्यान खींचा है।
