रील और व्यूज के नाम पर अश्लीलता का आरोप, देवभूमि की संस्कृति पर उठे सवाल
मनाली का बताया जा रहा वायरल वीडियो
हिमाचल प्रदेश के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल मनाली से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर जबरदस्त विवाद का कारण बन गया है। वायरल हो रहे इस वीडियो में एक महिला इन्फ्लुएंसर बर्फ से ढकी वादियों के बीच रील बनाती नजर आ रही है। वीडियो में महिला पहले साड़ी उतारती है और फिर छोटे कपड़ों में बर्फ पर घूमते हुए कैमरे के सामने पोज देती दिखाई देती है। इस वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
वीडियो सामने आने के बाद बड़ी संख्या में लोगों ने इसे हिमाचल की देव संस्कृति और सामाजिक मर्यादाओं के खिलाफ बताया है। लोगों का कहना है कि मनाली जैसे धार्मिक और पर्यटन स्थल पर इस तरह की रील बनाना अनुचित है। वहीं, कुछ यूजर्स महिला के समर्थन में भी उतर आए हैं और इसे व्यक्तिगत अभिव्यक्ति की आज़ादी से जोड़कर देख रहे हैं।
दिसंबर में अपलोड, अब हुआ वायरल
जानकारी के अनुसार, महिला ने यह वीडियो 6 दिसंबर 2025 को अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर पोस्ट किया था, लेकिन बीते पांच से छह दिनों में यह तेजी से वायरल हुआ। वीडियो के वायरल होते ही यह मामला सोशल मीडिया से निकलकर राजनीतिक बयानबाजी तक पहुंच गया।
9 सेकेंड के वीडियो से मचा बवाल
महिला का इंस्टाग्राम अकाउंट “मेघारानी-2556” नाम से है, जिस पर करीब 45.5 हजार फॉलोअर्स हैं। इस अकाउंट से मनाली लोकेशन टैग करते हुए दो वीडियो पोस्ट किए गए। इनमें से 9 सेकेंड का वीडियो सबसे ज्यादा चर्चा में है, जिसे अब तक 80 हजार से अधिक लोग देख चुके हैं। दूसरे 27 सेकेंड के वीडियो पर महिला ने ‘मनाली की गर्मी’ कैप्शन लिखा है।
महिला की पहचान नहीं आई सामने
महिला की वास्तविक पहचान और निवास स्थान को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। इंस्टाग्राम प्रोफाइल में केवल ‘इंडिया’ लिखा है। हालांकि, उसके अन्य वीडियो गाजियाबाद, गुरुग्राम और जैसलमेर जैसे शहरों में शूट किए गए बताए जा रहे हैं।
मंत्री विक्रमादित्य सिंह का सख्त बयान
वीडियो वायरल होने के बाद हिमाचल प्रदेश के लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कड़ी नाराजगी जाहिर की है। उन्होंने कहा कि रील और व्यूज के नाम पर अश्लीलता फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। मंत्री ने स्पष्ट किया कि देवभूमि की संस्कृति के विपरीत किसी भी तरह की गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर पुलिस को सख्त कदम उठाने चाहिए।
फिलहाल प्रशासनिक कार्रवाई नहीं
इस मामले में अभी तक प्रशासन की ओर से किसी आधिकारिक जांच या कार्रवाई की पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल पूरा विवाद सोशल मीडिया तक सीमित है, लेकिन बढ़ते दबाव को देखते हुए आने वाले दिनों में प्रशासन की भूमिका अहम मानी जा रही है।
