1300 मील में फैला विनाश, माइनस 25°F तक गिरा तापमान; रिकॉर्ड तोड़ बर्फबारी से जनजीवन ठप
अमेरिका इस समय भीषण बर्फीले तूफान की चपेट में है, जिसने देश के बड़े हिस्से को ठप कर दिया है। आर्कन्सा से लेकर न्यू इंग्लैंड तक करीब 1,300 मील के इलाके में फैले इस तूफान ने अब तक कम से कम 25 लोगों की जान ले ली है। कड़ाके की ठंड, जमाने वाली बारिश और भारी बर्फबारी के कारण आम जनजीवन से लेकर हवाई यातायात और बिजली आपूर्ति तक बुरी तरह प्रभावित हुई है।
रिकॉर्ड तोड़ ठंड और बर्फबारी
नेशनल वेदर सर्विस (NWS) के अनुसार, कई राज्यों में बर्फबारी ने पिछले कई दशकों के रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं।
- पिट्सबर्ग में करीब 20 इंच तक बर्फ जम गई है।
- तेज हवाओं के कारण विंड चिल तापमान माइनस 25 डिग्री फारेनहाइट तक गिर गया है, जिससे ठंड और जानलेवा हो गई है।
- न्यूयॉर्क के सेंट्रल पार्क में 11 इंच बर्फ दर्ज की गई, जबकि अकेले न्यूयॉर्क शहर में ठंड से जुड़ी घटनाओं में 8 लोगों की मौत हो चुकी है।
7 लाख घरों की बिजली गुल
तूफान का सबसे बड़ा असर दक्षिणी राज्यों की बिजली व्यवस्था पर पड़ा है। टेनेसी, मिसिसिपी और टेक्सास में 7 लाख से ज्यादा घरों की बिजली सप्लाई ठप हो गई है। मिसिसिपी में इस तूफान को 1994 के बाद सबसे विनाशकारी बर्फीला तूफान बताया जा रहा है। सड़कों पर गिरे पेड़ और बिजली के खंभे यातायात में बड़ी बाधा बने हुए हैं। बिजली संकट के चलते यूनिवर्सिटी ऑफ मिसिसिपी ने पूरे हफ्ते की क्लासेज रद्द कर दी हैं।
हवाई सफर पूरी तरह अस्त-व्यस्त
बर्फीले तूफान का असर आसमान में भी साफ नजर आया।
- सोमवार को 8,000 से ज्यादा फ्लाइट्स या तो रद्द कर दी गईं या देरी से चलीं।
- रविवार को हालात और भी खराब रहे, जब अमेरिका की करीब 45% उड़ानें उड़ान ही नहीं भर सकीं।
यात्रियों को एयरपोर्ट पर घंटों इंतजार करना पड़ा।
हादसों से भी गई जान
मौतें सिर्फ ठंड के कारण नहीं हुईं।
- मैसाचुसेट्स में बर्फ हटाते समय हादसे हुए।
- आर्कन्सा और टेक्सास में स्लेजिंग (बर्फ पर फिसलने का खेल) के दौरान दुर्घटनाओं में कई लोगों की मौत हुई।
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में भी हालात सुधरने में वक्त लगेगा और लोगों को अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।
